PSC full form in Hindi – PSC क्या है?

PSC meaning – Public Service Commission

हर किसी की आंख में सिविल सर्विसेज में जाने का ख्वाब होता है। सभी अखिल भारतीय स्तर पर अधिकारी बन अच्छी तनख्वाह, समाज में सम्मान हासिल करना चाहते हैं। कुछ अपने राज्य की ही सेवा करना चाहते है, लिहाजा राज्य की सेवा में अधिकारी बनना चाहते हैं। भारत में सिविल सर्विसेज में जाने के लिए लोक सेवा आयोग परीक्षा कराता है, जिसे PSC भी कहा जाता है। यह उनकी भर्ती, ट्रेनिंग, सेवा शर्तें, प्रमोशन और अन्य नीतियां तय करता है। हम आपको PSC full form in Hindi के साथ ही इसके काम के बारे में भी जानकारी देंगे-

PSC full form in Hindi

PSC की फुल फार्म – Public Service Commission

PSC in Hindi – पब्लिक सर्विस कमीशन।

इसको ‌हिंदी में लोक सेवा आयोग भी पुकारा जाता है।

PSC की History

PSC की स्थापना एक अक्टूबर 1926 को हुई। बाद में 1935 में भारत सरकार अधिनियम के तहत लोक सेवा आयोग को फिर से पुनः गठित किया गया।

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PSC के काम

यह भी बता दें कि अखिल भारतीय स्तर पर परीक्षा UPSC यानी यूनियन पब्लिक सर्विस कमीशन कराता है, जिसे संघ लोक सेवा आयोग भी कहते हैं। मसलन भारतीय प्रशासनिक सेवा यानी आईएएस, भारतीय पुलिस सेवा यानी आईपीएस, भारतीय वन सेवा यानी आईएफएस आदि की परीक्षा। वहीं राज्य स्तर की सेवाओं के लिए State PSC यानी राज्य लोक सेवा आयोग होते हैं। यह हर राज्य में अलग होते हैं। मसलन जम्मू-कश्मीर लोक सेवा आयोग यानी जेकेपीएससी आदि।

PSC के लिया उम्र

PSC  की परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थी की न्यूनतम उम्र 21  होती है। अधिकतम आयु अलग-अलग राज्य लोक सेवा आयोगों द्वारा सामान्यत: 35 – 40 बर्ष निर्धारित की गई है। हालांकि अनुसूचित जाति, जनजाति समेत अन्य पिछड़ा वर्ग और आरक्षित वर्ग को उम्र में छूट दी गई है। इसमें शामिल होने के लिए अभ्यर्थी को स्नातक की परीक्षा पास होना जरूरी है। राज्य लोक सेवा की तरफ से पीसीएस के कुछ विशेष पदों मसलन,  डीसीपी आदि के लिए शारीरिक माप जैसे लम्बाई तथा कुछ विशेष पदो जैसे-संख्यिकीय अधिकारी, लेखाधिकारी आदि के लिए विशेष शैक्षणिक योग्यता का निर्धारण किया गया है।

PSC के  अलग-अलग नियम

अलग-अलग राज्यों की PSC  परिक्षाओं के नियम अलग-अलग हैं। जैसे – राजस्थान, उत्तराखंड और छ्त्तीसगढ में प्रारांभिक परिक्षा में निगेटिव मार्किंग का प्रावधान है, जबकि दूसरे राज्यों में ऐसा नहीं है। वहीं, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, उत्तराखण्ड और छ्त्तीसगढ में प्रारांभिक परीक्षा में दो पेपर होते है। झारखंड में दूसरे पेपर में राज्य का सामान्य ज्ञान पूछा जाता है। उधर, बिहार और राजस्थान में प्रारांभिक परीक्षा में एक ही प्रश्नपत्र होता है, जो सामान्य अध्ययन का है। अगर आप भी पीसीएस की परीक्षा में कामयाब होना चाहते हैं तो मेहनत के साथ ही विषय पर मजबूत पकड़ बनाएं। साथ ही समय प्रबंधन का ध्यान रखें। इसके लिए लगातार प्रैक्टिस और पुराने पेपर हल करने का अभ्यास होना चाहिए। परीक्षा मुश्किल जरूर होती है, लेकिन मेहनत और सही दिशा में तैयारी करने से इसमें कामयाबी मिल जाती है।

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PSC पोस्ट पर हमारी राय

इस पोस्ट में हम ने जाना की PSC exam क्या है और PSC full form in Hindi. हमे comment में बताये की आपको ये पोस्ट कैसी लगी. कोई सवाल हो तो ज़रूर पूछे.

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One Response

  1. Anu Anoop December 20, 2018

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