HSC full form in Hindi – HSC क्या है?

ज्यादातर बच्चों की पढ़ाई का मकसद अच्छा करियर बनाना और उसके जरिये अच्छा पैसा कमाना होता है ताकि वह अपने भविष्य को बेहतर बना सकें और अपनी जिंदगी के तमाम सुख भोग सकें।

हर मां-बाप यही चाहते हैं कि उनका बच्चा क‌रियर की ऊंचाई पर पहुंचे करियर का रास्ते में हायर सेकेंड्री सर्टिफिकेट की अहम भूमिका होती है। इसमें अच्छे अंक प्रोफेशनल प्रवेश परीक्षा पास कर भविष्य कोघ्‍ उज्जवल बनाने का रास्ता खोलते हैं। आज हम आपको HSC full form in Hindi में बताएगे साथ ही इससे जुड़े विभिन्न पहलुओं पर आपको जानकारी देंगे-

HSC full form in Hindi – एसएससी फुल फॉर्म

HSC की फुल फॉर्म – Higher Secondary Certificate होती है

HSC in Hindi – हिंदी में इसे उच्चतर माध्यमिक प्रमाणपत्र भी पुकारा जाता है

कई जगहों पर इसे Class 12 के रूप में से भी जाना जाता है। HSC एक तरह का कोर्स है, जो भारत में माध्यमिक शिक्षा या 12वीं कक्षा के पूरा होने पर एक विद्यार्थी को प्रमाण-पत्र के रूप में दिया जाता है। यह प्रमाण-पत्र छात्र के परीक्षा में प्राप्त ग्रेड या प्रतिशत का प्रमाण-पत्र भी होता है।. इस प्रमाण-वत्र को हासिल करने का मकसद छात्र का अपनी आगे की स्टडी को पूरा करना भी होता है ताकि वह करियर में जो चाहता है, उसे हासिल कर सके।

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केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई की तरह कई ऐसे बोर्ड हैं, जो छात्र को 12वीं की परीक्षा के बाद एचएससी का प्रमाण-पत्र प्रदान करते हैं। इसे 12वीं के Board Exam के रूप मे भी जाना जाता है.

एचएससी क्यों ज़रूरी है?

एचएससी का छात्र के करियर में अत्यधिक महत्व होता है। इस परीक्षा के कोर्स या सिलेबस के आधार पर ही मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं में प्रश्न पूछे जाते हैं। डाक्टर या इंजीनियर बनने के इच्छुक छात्रों को इस कक्षा की पढ़ाई इन प्रवेश परीक्षाओं के जरिये उनके करियर, उनके सपने तक पहुंचा सकती है।

HSC के लिए ज़रूरी percentage?

भारतीय प्रौद्या‌गिकी संस्‍थान यानी आईआईटी के होने वाली प्रवेश परीक्षाओं में 12वीं में 60 फीसदी अंक जरूरी किए गए हैं। कई कंपनियां ऐसे छात्र-छात्राओं का प्लेसमेंट करती हैं, जो 12वीं में प्रथम श्रेणी यानी 60 प्रतिशत अंक हासिल किए हुए हों। वह ऐसे ही छात्रों को इंटरव्यू के लिए बुलाती हैं। 12वीं की परीक्षा के आधार पर ही छात्र आर्किटेक्चर, मेडिसिन जैसे क्षेत्रों के लिए क्वालिफाई करता है।

एचएससी के फायदे क्या है?

भारतीय प्रबंध संस्‍थान यानी आईआईएम के लिए भी 12वीं के सिलेबस के आधार पर ही प्रवेश परीक्षा का संचालन किया जाता है। इसके ल‌िए छात्र कैट और मैट की परीक्षा में शिरकत कर सकते हैं। इसके स्कोर के आधार पर उनका कोर्स में प्रवेश सुनिश्चित होता है।

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कई ऐसे छात्र होते हैं, जो अपनी पढ़ाई एचएससी से आगे नहीं चला पाते। वह पालीटे‌िक्‍नक या किसी अन्य तकनीकी कोर्स में दाखिला लेकर अपने करियर को एक मुकाम तक ले जा सकते हैं। एक बेहतर रोजगार का जरिया हासिल कर सकते हैं।

इस पोस्ट पर हमारी राय

यहाँ हम ने HSC एग्जाम जी जानकारी दी है, इसके फायदे, करने का तरीका और HSC full form in Hindi में बताया है. हमे comment में बताए की आपको हमारी पोस्ट कैसी लगी? कोई सवाल हो तो ज़रूर पूछे.

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