DM full form in Hindi – DM का मतलब क्या है?

DM full form in medical – Doctorate of Medicine

DM full form in Administration – District Magistrate

दोस्तों DM एक ऐसा शब्द है जिसके बारे में आप अक्सर ही सुनते होंगे। अपने रोज़ाना की ज़िन्दगी में आपने इस शब्द का Use भी कई बार किया होगा। इसके साथ ही बहुत से लोग ये भी जानते होंगे कि DM किसी ज़िलें के ज़िलाधिकारी को कहा जाता लेकिन DM full form क्या होता है ये बहुत कम लोगो को पता होता है।

इसीलिए आज हम आपको DM का फुलफॉर्म बताने के साथ ही इससे जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण Information भी देने वाले हैं। इस क्रम में आइये सबसे पहले जानते हैं कि DM का फुलफॉर्म क्या होता है?

डीएम के काम और और जाने DM Full form in Hindi

DM Full form in Hindi

दोस्तों DM का फुलफॉर्म बताने से पहले हम आपको ये भी बता दें कि DM शब्द दो Field से जुड़ा हुआ है, जहाँ पर इसका Short Form प्रयोग किया जाता है। इसलिए आज हम यहाँ पर आपको दोनों ही Field से जुड़े DM के फुलफॉर्म को बताने वाले हैं।

DM full form in Medical

DM का पद Medical के Field से भी जुड़ा हुआ है।

Medical के Field से जुड़े DM का फुलफॉर्म होता है – Doctorate of Medicine

DM meaning in Hindi – डॉक्टरेट ऑफ मेडिसिन.

यह Medical के Field में एक Degree होती है जिसे की DM कहा जाता है।

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DM in JOB

वहीं दूसरी तरफ़ प्रशासनिक Field में DM का फुलफॉर्म होता है – District Magistrate

DM in Hindi – डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट

इसे हिन्दी में जिलाधिकारी भी कहा जाता है। ये किसी भी ज़िलें का मुखिया यानी कि सर्वोच्च अधिकारी होता है। किसी भी ज़िलें के सभी विभागों पर नज़र रखने का काम DM को ही रखना पड़ता है। ज़िलें में घटने वाली किसी भी घटना के लिए वहाँ का DM ही उत्तरदायी होता है। ज़िलें में शान्ति व्यवस्था बनाये रखना तथा विभिन्न Tax की वसूली की ज़िम्मेदारी भी DM की ही होती है।

अपने ज़िलें में कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए DM के आधीन वहाँ का पुलिस Department तथा अन्य सभी मुख्य विभाग होते हैं तथा ये सभी DM के आदेशानुसार ही काम करते हैं।

दोस्तों हमनें DM का फुलफॉर्म तथा इसके काम के बारे में तो जान लिया अब आइये इसी क्रम में हम ये भी जान लेते हैं कि DM कैसे बना जाता है। बहुत से लोगों की इच्छा होती है DM बनने की, लेकिन उन्हें ये नही पता होता कि आख़िर वो किस तरह से DM बन सकते हैं। इ

सीलिए आज हम आपको ये बताने वाले हैं कि आप DM कैसे बन सकते हैं?

DM कैसे बने?

दोस्तों DM बनने का एक ही रास्ता है ‘UPSC’.

UPSC यानी कि यूनियन पब्लिक सर्विस कमीशन ही वो संस्था है जो कि देश के लिए ‘DM’ यानी कि ‘District Magistrate’ का चुनाव करती है। इसके लिए UPSC हर साल IAS का Exam करवाती है। IAS की इस परीक्षा को पास करके आप सीधे ही ‘DM’ बन सकते हैं।

इसके अलावा आप IAS का Exam पास कर के कोई अधिकारी बन जाये। इसके बाद आप प्रमोशन से भी IAS बन सकते हैं। लेकिन यहाँ पर हम आपको ये बता दे कि DM बनने के लिए आपको UPSC का IAS Exam किसी भी हालत में पास करना होगा। तभी आप इस पद को पा सकेंगे।

इसी क्रम में आ आइए ये भी जान लेते हैं की IAS के Exam को देने के लिए आपकी Eligibility क्या होनी चाहिए।

IAS की Eligibility?

  • UPSC द्वारा आयोजित इस Exam को देनें के लिए आपका किसी भी Stream से तथा किसी भी Subject से Graduate होना आवश्यक है।
  • अगर आप Graduation के आख़िरी Semester में हैं तो भी आप IAS का Exam दे सकते हैं।
  • IAS के Exam में बैठने के लिए आपका Indian Citizen होना आवश्यक है।

दोस्तों IAS के Exam के लिए Age Limit भी तय की गयी है। जो कि इस प्रकार से है –

1. General Category के Candidate की Age 21से 32 वर्ष के बीच होनी चाहिए। वहीं OBC तथा SC/ST के Candidate को इस Age Limit में क्रमशः 3 और 5 वर्ष की छूट दी गयी है।

अतः IAS के लिए –

  • OBC Candidate की Age Limit- 21- 32+3= 35 वर्ष
  • SC/ST Candidate की Age Limit- 21 – 32+5= 37 वर्ष

इसके साथ ही इस Exam के लिए Attempt की संख्या भी Limit तय की गई है। General कैटेगरी के Candidate अपनी Age Limit के भीतर इस Exam को सिर्फ़ 6 बार ही दे सकते हैं। वहीं OBC Category के Candidate इस Exam को 35 वर्ष के भीतर 9 बार दे सकते हैं। जबकि जो SC/ST Category के Candidate हैं वो IAS के Exam को 37 वर्ष तक +कि आयु तक Unlimited बार दे सकते हैं।

दोस्तो हमने IAS के लिए आवश्यक Eligibility के बारे में तो जान लिया अब आइये हम आपको IAS Exam के Pattern के बारे में भी बता देते हैं।

IAS के लिए exam

भारत के सबसे Tough Exam माने जाने वाले इस IAS के Exam के लिए UPSC ने तीन चरण निर्धारित किए हैं। इसका पहला Step होता है-

● Prelims Exam –

Preliminary Exam जिसे की IAS की प्रारंभिक परीक्षा भी कहा जाता है। IAS के इस Pre परीक्षा में Candidate को दो Paper देने होते हैं जो कि Objective Based होते हैं। ये दोनों पेपर मिलाकर 400 Marks का होता है। यह सिर्फ़ IAS का Qualifying Round होता है, इस Prelims के Exam के Marks IAS के Final Exam के Marks में नहीं जोड़े जाते हैं।

लेकिन इस Exam को पास करने के बाद ही आप इसके आगे के Exam यानी कि Mains में बैठ सकते हैं। इस Exam में Candidate को न्यूनतम 33% Marks लाने होते है तभी वो Qualified माना जाता है।

इस Exam में Candidate को दो पेपर देने होते हैं-

1. General Ability Test (GAT) –

इसमें कुल 80 प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रत्येक प्रश्न 2 अंक का होता है। इसमें 1/3 की Negative Marking भी होती है।

2. Civil Services Aptitude Test (CSAT) –

इसमें Candidate से कुल 100 प्रश्न पूछे जाते हैं। प्रत्येक प्रश्न 2.5 अंक का होता है। इसमें भी 1/3 की Negative Marking होती है। यानी कि गलत उत्तर देने पर आपके अंक काट लिए जाएंगे।

● Mains Exam –

जो Candidate IAS के Pre Exam को पास कर जाते हैं वो ही इसके Mains Exam के लिए Eligible होते हैं। Mains Exam में Candidate को 2 तरह के पेपर देने होते हैं। जिसमें से 2 Language के पेपर होते हैं तथा 7 अन्य विषयों के पेपर होते है। Language वाले पेपर के Marks नहीं जुड़ते है ये सिर्फ़ Qualifying पेपर होते हैं।

Language पेपर में English का पेपर सभी के लिए Compulsory होता है वहीं इसमें एक भाषा Candidate को अपने अनुसार चुनना होता है।

दूसरे Part में कुल 7 पेपर होते हैं तथा सभी में 300-300 प्रश्न पूछे जाते हैं। इन 7 पेपरों में आये Marks को Candidate के Final Marks तथा Interview में आये Marks को जोड़कर उसकी Merit बनाई जाती है। IAS का Mains Exam कुल 1750 अंको का होता है। इसमें स Obtained Marks के अनुसार ही Candidate की Rank निर्धारित की जाती है।

● IAS Personality Test –

ये IAS की परीक्षा का आख़िरी चरण होता है। IAS Main के Exam को Qualify करने वाले Candidate को Personality Test के लिए बुलाया जाता है। ये 275 अंको का Test होता है। इस Test में तथा Mains Exam में आये Marks को जोड़कर ही IAS में सफ़ल Final Candidate की Merit List बनाई जाती है। इसी के अनुसार Ranking भी जारी की जाती है।

IAS की इस परीक्षा में सफ़ल अभ्यर्थियों को IAS की Training के लिए भेजा जाता है। Training के बाद ही इन्हें विभिन्न जगहों पर IAS Officer के रूप में तैनात किया जाता है। एक बार IAS बन जाने के बाद आप आसानी से DM बन सकते हैं।

दोस्तों हमारे देश में DM के पद को जितना सम्मानित माना जाता है उतना ही कठिन इसका Exam होता है। अतः अगर आप DM बनने का सपना देखते हैं तो इसे पूरा करने के लिए आपको काफ़ी लगन और मेहनत करने की जरूरत होगी। तभी आप भारत के इस शीर्षतम पद को हासिल कर सकेंगे।

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DM पोस्ट पर हमारी राय

इस पोस्ट में हम ने जाना DM क्या है, DM के काम क्या है और DM full Form in Hindi।

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